बढ़ती जरूरतों के इस दौर में लोगों के अंदर कम हो रही ईमानदारी के बीच एक अफ्रीकी देश का ये लड़का ईमानदारी की मिसाल बन चुका है. आर्थिक तंगी से जूझने के बावजूद इस लड़के ने सड़क किनारे मिले लगभग 38 लाख रुपये उसके मालिक को सौंप दिए. भले हीContinue Reading

अहमदाबाद के प्रफुल्ल बिलोरे की पहचान आज एमबीए चायवाला के रूप में है. एमबीएम की पढ़ाई बीच में छोड़कर उन्होंने सड़क किनारे चाय का ठेला लगा लिया था. तमाम कोशिशों के बाद भी कैट में अच्छा स्कोर नहीं कर पाने वाले प्रफुल चाय की दुकान से लाखों कमा रहे हैं.Continue Reading

राजेंद्र भारूड. मां की पेट में ही थे, तभी पिता का निधन हो गया. ग़रीबी ऐसी थी कि पिता की एक फ़ोटो तक नहीं क्लिक हुई थी. मां देसी शराब बेचती थी. जब वह भूख से रोते तो उनकी दादी एक-दो चम्मच शराब मुंह में डाल देती थीं. शराब पीनेContinue Reading

जहां कुछ लोग सिर्फ और सिर्फ खुद के लिए जीते हैं. वहीं कुछ लोग अपनी जिंदगी दूसरों के लिए खपा देते हैं. लुधियाना के हरिओम जिंदल एक ऐसा ही नाम हैं. अपना लाखों का कारोबार छोड़कर यह इंसान सालों से अपने शैक्षिक ज्ञान के जरिए झुग्गी झोपड़ी में रहने वाले गरीब बच्चों को निशुल्कContinue Reading

बेंगलुरु में अंग्रेजी प्रोफ़ेसर साजी वर्गीज़ ने पर्यावरण के हित में अपनी इनोवेशन से अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सराहना बटोरी है. क्राइस्ट यूनिवर्सिटी के प्रोफ़ेसर ने नारियल के पत्तों से एक प्रोडक्ट तैयार किया, जो न केवल पर्यावरण के अनुकूल है, बल्कि तटीय क्षेत्रों में ग्रामीण महिलाओं को रोज़गार भी दे रहा है. येContinue Reading

गुजरात और कर्नाटक की तर्ज पर अब हिमाचल प्रदेश ने भी स्कूली पाठ्यक्रम में ‘भगवद्गीता’ को जोड़ने का फैसला लिया है। हिमाचल प्रदेश के शिक्षा मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर ने कहा, “मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने कहा है कि इस सत्र से नौवीं से बारहवीं कक्षा के छात्रों को ‘श्रीमद्भगवद्गीता’ एकContinue Reading

यूक्रेन से वापिस लौटे स्टूडेंट्स के सामने अब अपनी अधूरी पढ़ाई को पूरा करने की चिंता सताने लग गई है। अपनी इसी समस्या को लेकर ये स्टूडेंट्स बीती शाम को सर्किट हाउस मंडी में सीएम जयराम ठाकुर से मिले और अपनी बात रखी। यूक्रेन में एमबीबीएस की पढ़ाई कर रहीContinue Reading

नेत्रहीनों के लिए जीवन कठिनाईयों से भरा होता है. कहीं आने-जाने के लिए उन्हें किसी न किसी सहारे की ज़रूरत पड़ती है लेकिन संभव है कि अब ऐसा न हो. अब उनके लिए ऐसा जूता तैयार हो रहा है, जो उन्हें खु़द ब खु़द रास्ता बताएगा.   गांव का बच्चा जिसने बनाContinue Reading

इंसान किन परिस्थियों में जन्म लेता है ये उसके हाथ में नहीं होता लेकिन अपनी परिस्थितियों को बदलना इंसान के हाथ में जरूर होता है. यह भी बात सच है कि ऐसे विचर पढ़ना और सुनना किताबी लगता है. अधिकतर लोग यही मानते हैं कि जिस हाल में वे पैदाContinue Reading

मन की चाह इंसान के लिए कामयाबी के सभी दरवाज़े खोल सकती है, बशर्ते इस चाह के साथ सच्ची लगन और मेहनत भी होनी चाहिए. गरीबी और शारीरिक अक्षमता के कारण कई लोग हिम्मत हार कर अपने अंदर की चाह को खत्म कर देते हैं जबकि आईएएस ऑफिसर मनीराम शर्माContinue Reading