हर माता-पिता अपने बच्चों को कामयाब होते देखना चाहते हैं. वो क्षण उनकी ज़िंदगी का सबसे खूबसूरत क्षण होता है जब उनके बच्चे कोई कामयाबी हासिल कर घर लौटते हैं. छत्तीसगढ़ के एक पिता ने भी अपनी बेटी के लिए ऐसा ही सपना देखा था, बेटी ने पिता का सपना भीContinue Reading

अगर किसी को खेती-किसानी से जुड़ा स्टार्टअप शुरू करना हो तो सबसे पहली और बड़ी समस्या जमीन की आएगी. या तो इसके लिए खुद की जमीन होनी चाहिए, या फिर पट्टे पर लेनी पड़ेगी. ऐसे में बहुत से गरीब या मध्यवर्गीय लोगों के लिए ऐसा कोई भी स्टार्टअप आसान नहींContinue Reading

भले ही तंबाकू का सेवन सेहत के लिए हानिकारक होता है लेकिन इसके बावजूद देश के अधिकतर ग्रामीण हिस्सों में आज भी इसका चलन जोरों पर है. देश में तंबाकू और चूना एक साथ रगड़ कर खाने का चलन बेशक पुराना हो सकता है लेकिन अगर कोई विदेशी इस बारेContinue Reading

भारत में कुल 7,325 रेलवे स्टेशन हैं. इनमें एक से बढ़ कर एक ऐसे रेलवे स्टेशन हैं जो अपनी खूबसूरती के लिए फेमस हैं. वहीं कई रेलवे स्टेशन अपने लंबे प्लेटफ़ॉर्म तो कई सबसे ज्यादा प्लेट फॉर्म्स के लिए प्रसिद्ध हैं लेकिन आज हम आपको बताएंगे देश के कुछ ऐसे रेलवे स्टेशनोंContinue Reading

जलकुंभी (Water Hyacinth) भारत के झीलों में बहुतायत में पाए जाते हैं. जलकुंभी अमेज़न वर्षावनों में पाया जाता था और पहले अंग्रेज़ गवर्नर जनरल की पत्नी Lady Hastings इसे भारत ले आईं. अब इसे टेरर ऑफ़ बंगाल (Terror of Bengal) कहा जाता है. जलकुंभी पानी में मौजूद ऑक्सिजन ले लेतीContinue Reading

हेवल्स (Havells) का नाम आपको बाजार में प्रमुखता से दिखेगा. ये नाम आज किसी भी परिचय का मोहताज नहीं रह गया है. अधिकांश लोग इसके नाम को सुन कर ये अंदाजा लगा लेते हैं कि ये कोई विदेशी ब्रांड है लेकिन आपको बता दें कि हेवल्स एक शुद्ध देसी ब्रांडContinue Reading

कहते हैं शुरुआत कैसी भी हो. लेकिन लाइफ़ आपको कहां से कहां ले जाएगी ये कोई नहीं जानता. और ये बात IAS दीपक रावत पर बिल्कुल फ़िट बैठती है. फ़ेसबुक पर फ़ैन क्ल्बस, यूट्यूब पर 4 मिलियन से ज़्यादा सबस्क्राइबर्स और अकसर न्यूज़ हेडलाइन्स में बने रहते हैं IAS दीपक रावत (IAS Deepak Rawat).Continue Reading

असफलता का यह मतलब नहीं होता कि आप असफल हो गए हैं, बल्कि इसका यह मतलब होता है कि आप अभी तक सफल नहीं हुए हैं. बिजनेसवुमन ललिता संजय खैरे ने इसे सच साबित कर दिखाया है. बिजनेस में उन्हें नुकसान हुआ. उन्हें घर तक बेचना पड़ा, लेकिन वो हारी नहीं, औरContinue Reading

स्कूल के दिनों में जब कोई बच्चा पढ़ाई में ध्यान नहीं देता था तो उनके लिए टीचर्स की पसंदीदा लाइन होती थी ‘नहीं पढ़ोगे तो बड़े हो कर सब्जी बेचना.’ आप सब में से भी कई लोगों ने ऐसा कुछ सुना होगा, लेकिन बिहार के एक शख्स ने इसे इतना सीरियसली ले लियाContinue Reading

वो दौर भी कमाल का था जब बच्चों के पास मोबाइल फोन, आई पैड, तरह तरह की गेम्स और आधुनिक यंत्रों की बजाए अच्छे-सच्चे दोस्त, बाहर जाने के बहाने, मैदान में खेले जाने वाले खेल, कॉमिक्स और ऐसी तमाम चीजें हुआ करती थीं. ये एक अच्छे बचपन की खास निशानियां थीं. इन्हींContinue Reading